इंडिया गठबंधन के प्रदर्शन के बीच लोकसभा में विपक्ष के नेता ने राहुल गांधी ने केंद्र बड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा कि हम लोग लोकतंत्र बचाने की कोशिश कर रहे हैं। इस प्रदर्शन में लोकसभा-राज्यसभा के 300 सांसद शामिल हुए है।
अगर लोकसभा-राज्यसभा सांसद से चुनाव आयुक्त नहीं मिलेंगे तो लोकतंत्र का क्या मतलब? एक बात मैं साफ कहता हूं, कोई भी नहीं बचेगा, चाहे वो नरेंद्र मोदी हो, अमित शाह, ज्ञानेश कुमार और मोहन भागवत हो। सब पर कार्रवाई होगी, इन्होंने हमारे देश को और आपके देश को नुकसान पहुंचाया है।राहुल गांधी ने आगे कहा, ‘हम न सिर्फ उनका (भाजपा) मुकाबला करेंगे, बल्कि उन्हें खत्म कर देंगे। हमारे देश के साथ जो किया गया है। वह देशद्रोह है। कोई भी बच नहीं पाएगा।करीब 300 सांसद चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और दो अन्य चुनाव आयुक्तों से मिलना चाहते थे, लेकिन पुलिस ने हमें यहीं रोक दिया। हम चुने हुए प्रतिनिधि हैं, लेकिन हमें नहीं पता कि हमें यहां क्यों रोका गया है। हमें समझ नहीं आ रहा कि समस्या क्या है।‘300 सांसद ज्ञानेश कुमार से मिलना चाहते हैं’
जबकि चुनाव आयोग का दफ्तर यहां से सिर्फ 50 मीटर दूर है। विपक्ष के 300 सांसद ज्ञानेश कुमार से मिलना चाहते हैं, लेकिन वे डरे हुए हैं। देश में क्या हो रहा है? लोकतंत्र का क्या मतलब है अगर चुनाव आयोग चुने हुए प्रतिनिधियों से ही न मिले?राहुल गांधी ने कहा, ‘मैं पूरे देश को बताना चाहता हूं कि पुलिस यहां से मीडियाकर्मियों को हटा रही है।’
जबकि चुनाव आयोग का दफ्तर यहां से सिर्फ 50 मीटर दूर है। विपक्ष के 300 सांसद ज्ञानेश कुमार से मिलना चाहते हैं, लेकिन वे डरे हुए हैं। देश में क्या हो रहा है? लोकतंत्र का क्या मतलब है अगर चुनाव आयोग चुने हुए प्रतिनिधियों से ही न मिले?राहुल गांधी ने कहा, ‘मैं पूरे देश को बताना चाहता हूं कि पुलिस यहां से मीडियाकर्मियों को हटा रही है।’

